2026 विधानसभा चुनाव: 5 राज्यों में चुनावी बिगुल, 17.4 करोड़ मतदाता करेंगे मतदान – पूरी चुनाव तारीख और शेड्यूल



2026 विधानसभा चुनाव: 5 राज्यों में चुनावी बिगुल, 17.4 करोड़ मतदाता करेंगे मतदान – पूरी चुनाव तारीख और शेड्यूल

15 मार्च 2026 | नई दिल्ली

भारत में 2026 के विधानसभा चुनावों को लेकर चुनावी माहौल तेजी से गर्म होता जा रहा है। Election Commission of India ने रविवार को देश के चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में होने वाले विधानसभा चुनावों की आधिकारिक घोषणा कर दी है।

इन चुनावों में असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी शामिल हैं। चुनाव आयोग के अनुसार इन पांचों क्षेत्रों में कुल 824 विधानसभा सीटों पर मतदान होगा और लगभग 17.4 करोड़ मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।

इन चुनावों के लिए देशभर में 2,18,807 मतदान केंद्र बनाए जाएंगे और लगभग 25 लाख चुनाव अधिकारी व कर्मचारी चुनाव प्रक्रिया को सफल बनाने में लगाए जाएंगे।

चुनाव आयोग के मुताबिक सभी राज्यों में मतदान अप्रैल महीने में अलग-अलग चरणों में होगा, जबकि मतगणना 4 मई 2026 को एक साथ की जाएगी।

यह चुनाव कई मायनों में महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि इन राज्यों की राजनीतिक स्थिति राष्ट्रीय राजनीति को भी प्रभावित कर सकती है।

5 राज्यों में चुनावी बिगुल




चुनाव आयोग की घोषणा: लोकतंत्र का सबसे बड़ा आयोजन

चुनाव कार्यक्रम की घोषणा करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त Gyanesh Kumar ने कहा कि चुनाव आयोग ने सभी राज्यों में निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित करने के लिए व्यापक तैयारी की है।

उन्होंने बताया कि:

  • सभी मतदान केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी होगी

  • संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त बल तैनात किया जाएगा

  • चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रहेगी

मुख्य चुनाव आयुक्त ने यह भी कहा कि इस बार चुनाव में महिला और दिव्यांग मतदाताओं के लिए विशेष व्यवस्थाएँ की गई हैं।


2026 विधानसभा चुनाव के प्रमुख आँकड़े

इन चुनावों से जुड़े प्रमुख आंकड़े इस प्रकार हैं:

  • कुल विधानसभा सीटें: 824

  • कुल मतदाता: लगभग 17.4 करोड़

  • मतदान केंद्र: 2,18,807

  • चुनाव अधिकारी: लगभग 25 लाख

  • मतगणना: 4 मई 2026

यह चुनाव भारत के लोकतांत्रिक इतिहास के बड़े चुनावों में से एक माना जा रहा है।


किन राज्यों में होगा चुनाव

2026 के विधानसभा चुनाव निम्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश में होंगे:

  1. असम

  2. केरल

  3. तमिलनाडु

  4. पश्चिम बंगाल

  5. पुडुचेरी

इन सभी राज्यों में राजनीतिक दलों ने अभी से अपनी चुनावी रणनीति तैयार करना शुरू कर दिया है।


असम विधानसभा चुनाव 2026

पूर्वोत्तर भारत का प्रमुख राज्य असम इस बार एक ही चरण में मतदान करेगा।

सीटों का विवरण

  • कुल सीटें: 126

  • सामान्य सीटें: 98

  • अनुसूचित जाति: 9

  • अनुसूचित जनजाति: 19

चुनाव कार्यक्रम

  • अधिसूचना जारी: 16 मार्च 2026

  • नामांकन की अंतिम तिथि: 23 मार्च 2026

  • नामांकन जांच: 24 मार्च 2026

  • नाम वापसी: 26 मार्च 2026

  • मतदान: 9 अप्रैल 2026

  • मतगणना: 4 मई 2026

मतदाताओं की संख्या

असम में कुल मतदाता लगभग 2.50 करोड़ हैं।

  • पुरुष मतदाता: 1.25 करोड़

  • महिला मतदाता: 1.25 करोड़

  • थर्ड जेंडर: 343

राज्य में कुल 31,486 मतदान केंद्र बनाए जाएंगे।


केरल विधानसभा चुनाव 2026

दक्षिण भारत का राजनीतिक रूप से सक्रिय राज्य केरल भी इस बार एक ही चरण में मतदान करेगा।

सीटें

  • कुल सीटें: 140

  • सामान्य सीटें: 124

  • एससी सीटें: 14

  • एसटी सीटें: 2

चुनाव कार्यक्रम

  • अधिसूचना: 16 मार्च 2026

  • नामांकन: 23 मार्च

  • जांच: 24 मार्च

  • नाम वापसी: 26 मार्च

  • मतदान: 9 अप्रैल 2026

  • मतगणना: 4 मई 2026

मतदाता

  • पुरुष: 1.31 करोड़

  • महिला: 1.38 करोड़

  • थर्ड जेंडर: 277

कुल मतदाता: 2.70 करोड़


पुडुचेरी विधानसभा चुनाव

केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में भी 9 अप्रैल को मतदान होगा।

सीटें

  • कुल सीटें: 30

  • सामान्य: 25

  • एससी: 5

मतदाता

  • पुरुष: 4.43 लाख

  • महिला: 5 लाख

  • थर्ड जेंडर: 139

कुल मतदाता: 9.44 लाख


तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2026

दक्षिण भारत का सबसे बड़ा चुनाव तमिलनाडु में होगा।

सीटें

  • कुल सीटें: 234

  • सामान्य: 188

  • एससी: 44

  • एसटी: 2

चुनाव कार्यक्रम

  • अधिसूचना: 30 मार्च 2026

  • नामांकन: 6 अप्रैल

  • जांच: 7 अप्रैल

  • नाम वापसी: 9 अप्रैल

  • मतदान: 23 अप्रैल

  • मतगणना: 4 मई

मतदाता

  • पुरुष: 2.77 करोड़

  • महिला: 2.89 करोड़

  • थर्ड जेंडर: 7,617

कुल मतदाता: 5.67 करोड़


पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026

सबसे बड़ा और सबसे ज्यादा राजनीतिक रूप से संवेदनशील चुनाव पश्चिम बंगाल में होगा।

यह चुनाव दो चरणों में कराया जाएगा।

कुल सीटें

  • कुल सीटें: 294

  • सामान्य सीटें: 210

  • एससी: 68

  • एसटी: 16


चरण 1

  • सीटें: 152

  • मतदान: 23 अप्रैल 2026

चरण 2

  • सीटें: 142

  • मतदान: 29 अप्रैल 2026


मतदाता

  • पुरुष: 3.28 करोड़

  • महिला: 3.16 करोड़

  • थर्ड जेंडर: 1,152

कुल मतदाता: 6.44 करोड़

राज्य में 80,719 मतदान केंद्र बनाए जाएंगे।


विशेष मतदान केंद्र

इस बार चुनाव आयोग ने कई विशेष प्रकार के मतदान केंद्र बनाए हैं:

  • मॉडल पोलिंग स्टेशन

  • महिला संचालित मतदान केंद्र

  • दिव्यांग संचालित बूथ

इनका उद्देश्य मतदान प्रक्रिया को और अधिक समावेशी बनाना है।


चुनावी सुरक्षा व्यवस्था

चुनाव आयोग ने बताया है कि सभी राज्यों में:

  • केंद्रीय सुरक्षा बल तैनात किए जाएंगे

  • संवेदनशील इलाकों में विशेष निगरानी होगी

  • इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) का उपयोग किया जाएगा

इसके साथ ही सभी मतदान केंद्रों पर वेबकास्टिंग और सीसीटीवी निगरानी भी की जाएगी।


राजनीतिक दलों की तैयारियाँ

चुनाव की घोषणा के बाद सभी प्रमुख राजनीतिक दलों ने अपनी रणनीति तेज कर दी है।

राजनीतिक दल:

  • उम्मीदवार चयन

  • चुनावी गठबंधन

  • जनसभाएँ

  • सोशल मीडिया अभियान

जैसी तैयारियों में जुट गए हैं।


महिला मतदाताओं की बड़ी भूमिका

2026 के चुनाव में महिला मतदाताओं की भूमिका महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

कई राज्यों में महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों के बराबर या उससे अधिक है।

इसलिए राजनीतिक दल भी महिला मतदाताओं को ध्यान में रखकर अपनी योजनाएँ और घोषणाएँ तैयार कर रहे हैं।


चुनाव आयोग की नई पहल

चुनाव आयोग ने इस बार कुछ नई पहल भी शुरू की हैं:

  1. मतदान केंद्रों पर बेहतर सुविधाएँ

  2. दिव्यांग मतदाताओं के लिए विशेष सहायता

  3. महिलाओं के लिए सुरक्षित मतदान वातावरण

इन कदमों से मतदान प्रतिशत बढ़ाने की उम्मीद है।


मतदान प्रतिशत बढ़ाने पर जोर

चुनाव आयोग ने मतदाताओं से अपील की है कि वे लोकतंत्र को मजबूत बनाने के लिए मतदान अवश्य करें।

युवा मतदाताओं को भी विशेष रूप से जागरूक किया जा रहा है।


लोकतंत्र का महापर्व

भारत में चुनाव को लोकतंत्र का महापर्व कहा जाता है।

2026 के विधानसभा चुनाव भी इसी लोकतांत्रिक परंपरा का हिस्सा हैं, जहाँ करोड़ों नागरिक अपने प्रतिनिधियों को चुनने के लिए मतदान करेंगे।


निष्कर्ष

असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी में होने वाले 2026 के विधानसभा चुनाव देश की राजनीति के लिए बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।

करीब 17.4 करोड़ मतदाता, 824 सीटें और 25 लाख चुनाव कर्मचारी इस विशाल चुनावी प्रक्रिया को सफल बनाने में भूमिका निभाएंगे।

मतदान अप्रैल महीने में होगा और 4 मई 2026 को नतीजे सामने आएंगे, जिसके बाद इन राज्यों में नई सरकारों का गठन होगा।

देश और दुनिया की निगाहें इन चुनावों पर टिकी हुई हैं क्योंकि इनके परिणाम आने वाले वर्षों की राजनीतिक दिशा तय कर सकते हैं।